class 6th science varshik paper 2026 answer imp. कक्षा 6वीं विज्ञान वार्षिक परीक्षा 2026 के उत्तर 12 मार्च को होगा इस नीचे प्रश्न पत्र को अपलोड कर सकते हैं ।
राज्य शिक्षा केन्द्र म. प्र. भोपाल
वार्षिक मूल्यांकन सत्र 2025-26
विषय-विज्ञान
समय- 2 ½ घण्टे
कक्षा – 6
पूर्णांक- 60
बहुविकल्पीय प्रश्न (प्रश्न 1-5)
निर्देश- सही विकल्प चुनकर उत्तर लिखिए। प्रत्येक प्रश्न के लिए 1 अंक निर्धारित है।
प्रश्न-1 विज्ञान किस पर आधारित है?
1
उत्तर: (A) तर्क व प्रमाण पर
प्रश्न-2 यदि चुंबक को बीच से काट दिया जाए तो क्या होगा?
1
उत्तर: (B) दोनों हिस्सों में फिर से दो-दो ध्रुव बनेंगे
(व्याख्या: चुंबक के टुकड़े करने पर भी प्रत्येक टुकड़े में उत्तरी और दक्षिणी ध्रुव बन जाते हैं।)
(व्याख्या: चुंबक के टुकड़े करने पर भी प्रत्येक टुकड़े में उत्तरी और दक्षिणी ध्रुव बन जाते हैं।)
प्रश्न-3 किसी स्वस्थ मानव शरीर का सामान्य ताप क्या होता है?
1
उत्तर: (B) 37.0 डिग्री सेल्सियस
(व्याख्या: स्वस्थ मनुष्य का ताप 37°C या 98.6°F होता है।)
(व्याख्या: स्वस्थ मनुष्य का ताप 37°C या 98.6°F होता है।)
प्रश्न-4 ओसाई की प्रक्रिया में अवयव किस आधार पर पृथक होते हैं?
1
उत्तर: (C) भार
(व्याख्या: ओसाई (Winnowing) में पवन द्वारा भारी और हल्के अवयवों (भूसे और अनाज) को अलग किया जाता है।)
(व्याख्या: ओसाई (Winnowing) में पवन द्वारा भारी और हल्के अवयवों (भूसे और अनाज) को अलग किया जाता है।)
प्रश्न-5 कोशिकीय श्वसन कहाँ होता है?
1
उत्तर: (A) माइटोकांड्रिया
(व्याख्या: माइटोकांड्रिया में भोजन के ऑक्सीकरण से ऊर्जा बनती है, इसलिए इसे कोशिका का ऊर्जा घर (Powerhouse) भी कहते हैं।)
(व्याख्या: माइटोकांड्रिया में भोजन के ऑक्सीकरण से ऊर्जा बनती है, इसलिए इसे कोशिका का ऊर्जा घर (Powerhouse) भी कहते हैं।)
रिक्त स्थान (प्रश्न 6-10)
निर्देश- नीचे दिए गए रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए। प्रत्येक प्रश्न के लिए 1 अंक निर्धारित है।
प्रश्न-6 तारे ………………………. में चमकते हैं।
1
उत्तर: आकाश (या रात)
प्रश्न-7 पृथ्वी का भौगोलिक उत्तर ध्रुव वास्तव में चुम्बक का ………………………. ध्रुव है।
1
उत्तर: दक्षिणी (South)
प्रश्न-8 चमकदार पदार्थ को ………………………. भी कहा जाता है।
1
उत्तर: द्युतिमान (या धातु)
प्रश्न-9 मानव शरीर का सामान्य तापमान फारेनहाइट स्केल पर ………………………. होता है।
1
उत्तर: 98.6°F
प्रश्न-10 जीवाश्म ईंधन के जलाए जाने पर ………………………. और ………………………. गैस उत्पन्न होती है, जो वायु को प्रदूषित करती है।
1
उत्तर: कार्बन डाइऑक्साइड और कार्बन मोनोऑक्साइड
अति लघु उत्तरीय प्रश्न (प्रश्न 11-16)
निर्देश- नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर एक शब्द/वाक्य में लिखिए। प्रत्येक प्रश्न के लिए 2 अंक निर्धारित हैं।
प्रश्न-11 वृत्तीय गति किसे कहते हैं?
2
उत्तर: जब कोई वस्तु किसी वृत्ताकार (गोल) मार्ग पर गति करती है, तो उसकी गति को वृत्तीय गति कहते हैं। उदाहरण- घड़ी की सुइयों की गति या पंखे की पंखुड़ियों की गति।
प्रश्न-12 किसी जगह की आर्द्रता का अनुमान कैसे लगाते हैं?
2
उत्तर: किसी जगह की आर्द्रता का अनुमान उस जगह की वायु में उपस्थित जलवाष्प (नमी) की मात्रा से लगाया जाता है। इसे मापने के लिए ‘आर्द्रतामापी’ (Hygrometer) यंत्र का उपयोग किया जाता है।
प्रश्न-13 जल में रहने वाले जंतुओं और पौधों के लिए कौन सी गैस महत्वपूर्ण है?
2
उत्तर: जल में रहने वाले जंतुओं और पौधों के श्वसन के लिए जल में घुली हुई ऑक्सीजन गैस सबसे महत्वपूर्ण है।
प्रश्न-14 बर्फ से ढके पहाड़ जल-चक्र को संतुलित कैसे रखते हैं?
2
उत्तर: बर्फ से ढके पहाड़ ताजे पानी (Fresh water) के विशाल भंडार होते हैं। गर्मियों में जब बर्फ धीरे-धीरे पिघलती है, तो यह नदियों में बहकर साल भर जल की निरंतर आपूर्ति बनाए रखती है, जिससे जल-चक्र संतुलित रहता है।
प्रश्न-15 बीज अंकुरण के लिए सूर्य के प्रकाश की उपस्थिति कब अनिवार्य होती है?
2
उत्तर: बीज अंकुरण के प्रारंभिक चरण (शुरुआत) में सूर्य के प्रकाश की सीधे आवश्यकता नहीं होती, लेकिन जब अंकुरित बीज से छोटी हरी पत्तियाँ निकल आती हैं, तब पौधे को प्रकाश संश्लेषण (भोजन बनाने) के लिए सूर्य का प्रकाश अनिवार्य हो जाता है।
प्रश्न-16 किस तारे को ध्रुव तारा कहते हैं?
2
उत्तर: वह तारा जो आकाश में हमेशा उत्तर दिशा में एक ही स्थान पर स्थिर (stationary) दिखाई देता है और अपनी जगह नहीं बदलता, उसे ‘ध्रुव तारा’ (Pole Star) कहते हैं।
लघु उत्तरीय प्रश्न (प्रश्न 17-22)
निर्देश- नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर 30-40 शब्दों में लिखिए। प्रत्येक प्रश्न के लिए 3 अंक निर्धारित हैं।
प्रश्न-17 चुंबकीय तथा अचुंबकीय पदार्थ में विभेद करते हुए दो-दो उदाहरण लिखिए।
3
उत्तर:
1. चुंबकीय पदार्थ: वे पदार्थ जो चुंबक की ओर आकर्षित होते हैं (यानी चुंबक से चिपक जाते हैं), चुंबकीय पदार्थ कहलाते हैं। उदाहरण: लोहा और निकिल।
2. अचुंबकीय पदार्थ: वे पदार्थ जो चुंबक की ओर आकर्षित नहीं होते हैं, अचुंबकीय पदार्थ कहलाते हैं। उदाहरण: लकड़ी और प्लास्टिक।
1. चुंबकीय पदार्थ: वे पदार्थ जो चुंबक की ओर आकर्षित होते हैं (यानी चुंबक से चिपक जाते हैं), चुंबकीय पदार्थ कहलाते हैं। उदाहरण: लोहा और निकिल।
2. अचुंबकीय पदार्थ: वे पदार्थ जो चुंबक की ओर आकर्षित नहीं होते हैं, अचुंबकीय पदार्थ कहलाते हैं। उदाहरण: लकड़ी और प्लास्टिक।
प्रश्न-18 वस्तुओं की परिधि मापने के लिए लचीले मापने वाले फीते क्यों पसंद किए जाते हैं?
3
उत्तर: किसी गोल या वक्र (मुड़ी हुई) वस्तु जैसे- पेड़ का तना, व्यक्ति की कमर या मटके की परिधि को एक सीधे और कठोर मीटर स्केल से मापना संभव नहीं होता है। लचीला फीता (Measuring tape) आसानी से वस्तु की गोलाई के अनुसार मुड़ जाता है, जिससे वस्तु की एकदम सटीक माप प्राप्त होती है।
प्रश्न-19 अंकीय डॉक्टरी तापमापी का उपयोग करते समय कौन-कौन सी सावधानियां बरतनी चाहिए?
3
उत्तर: अंकीय डॉक्टरी तापमापी (Digital Thermometer) का उपयोग करते समय निम्नलिखित सावधानियां बरतनी चाहिए:
1. उपयोग से पहले और बाद में तापमापी को किसी एंटीसेप्टिक घोल (रोगाणुनाशक) से अच्छे से धोना चाहिए।
2. तापमान पढ़ते समय इसे बल्ब (आगे वाले सेंसर हिस्से) से नहीं पकड़ना चाहिए।
3. इसका उपयोग सावधानी से करना चाहिए ताकि यह किसी कठोर वस्तु से टकराकर टूटे नहीं।
1. उपयोग से पहले और बाद में तापमापी को किसी एंटीसेप्टिक घोल (रोगाणुनाशक) से अच्छे से धोना चाहिए।
2. तापमान पढ़ते समय इसे बल्ब (आगे वाले सेंसर हिस्से) से नहीं पकड़ना चाहिए।
3. इसका उपयोग सावधानी से करना चाहिए ताकि यह किसी कठोर वस्तु से टकराकर टूटे नहीं।
प्रश्न-20 शरीर वर्धक भोजन किसे कहते हैं? इसके दो-दो पादप एवं जन्तु स्रोतों के उदाहरण लिखिए।
3
उत्तर: प्रोटीन युक्त भोजन को ‘शरीर वर्धक भोजन’ (Body-building food) कहते हैं, क्योंकि प्रोटीन हमारे शरीर की वृद्धि (Growth) और टूटी-फूटी कोशिकाओं की मरम्मत करने में मदद करता है।
पादप स्रोत (पौधों से): दालें और सोयाबीन।
जंतु स्रोत (जानवरों से): दूध और अंडे (या मांस)।
पादप स्रोत (पौधों से): दालें और सोयाबीन।
जंतु स्रोत (जानवरों से): दूध और अंडे (या मांस)।
प्रश्न-21 पौधे में प्ररोह की वृद्धि की दिशा किसके अनुसार होती है, और क्यों?
3
उत्तर: पौधे के प्ररोह (तने और पत्तियों वाले भाग) की वृद्धि हमेशा प्रकाश की दिशा में (ऊपर की ओर) होती है। इसे ‘प्रकाशानुवर्तन’ (Phototropism) कहते हैं। यह इसलिए होता है क्योंकि पौधों की पत्तियों को अपना भोजन बनाने (प्रकाश संश्लेषण) के लिए सूर्य के प्रकाश की आवश्यकता होती है, इसलिए वे प्रकाश की ओर बढ़ते हैं।
प्रश्न-22 ग्रह और उपग्रह में क्या अंतर है?
3
उत्तर:
ग्रह (Planet): वे विशाल खगोलीय पिंड जो सूर्य (या किसी अन्य तारे) के चारों ओर अपनी निश्चित कक्षा में परिक्रमा करते हैं, ग्रह कहलाते हैं। (जैसे- पृथ्वी, मंगल)।
उपग्रह (Satellite): वे छोटे खगोलीय पिंड जो किसी ग्रह के चारों ओर परिक्रमा करते हैं, उपग्रह कहलाते हैं। (जैसे- चंद्रमा पृथ्वी का प्राकृतिक उपग्रह है)।
ग्रह (Planet): वे विशाल खगोलीय पिंड जो सूर्य (या किसी अन्य तारे) के चारों ओर अपनी निश्चित कक्षा में परिक्रमा करते हैं, ग्रह कहलाते हैं। (जैसे- पृथ्वी, मंगल)।
उपग्रह (Satellite): वे छोटे खगोलीय पिंड जो किसी ग्रह के चारों ओर परिक्रमा करते हैं, उपग्रह कहलाते हैं। (जैसे- चंद्रमा पृथ्वी का प्राकृतिक उपग्रह है)।
दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (प्रश्न 23-26)
निर्देश- नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर 70-80 शब्दों में लिखिए। प्रत्येक प्रश्न के लिए 5 अंक निर्धारित हैं।
प्रश्न-23 सेम (बल्लर) को आरोही लता समूह में तथा तरबूज को विसर्पी लता समूह में क्यों रखा गया है? कारण स्पष्ट कीजिए।
5
उत्तर:
सेम (आरोही लता – Climber): सेम के तने बहुत कमजोर होते हैं, जिससे वे सीधे खड़े नहीं रह सकते। लेकिन इनमें धागे जैसी विशेष संरचनाएँ (प्रतान/Tendrils) पाई जाती हैं, जो किसी भी पास की वस्तु या ढांचे का सहारा लेकर ऊपर की ओर चढ़ जाती हैं। इसलिए इसे आरोही लता समूह में रखा गया है。
तरबूज (विसर्पी लता – Creeper): तरबूज का तना भी बहुत कमजोर होता है। इसके साथ ही तरबूज का फल आकार में बहुत बड़ा और भारी होता है। यदि यह पौधा ऊपर चढ़ने की कोशिश करेगा, तो फल के वजन से तना टूट जाएगा। इसलिए यह सहारा लेने के बजाय जमीन पर ही चारों ओर फैलता (रेंगता) है। इसीलिए इसे विसर्पी लता समूह में रखा गया है।
तरबूज (विसर्पी लता – Creeper): तरबूज का तना भी बहुत कमजोर होता है। इसके साथ ही तरबूज का फल आकार में बहुत बड़ा और भारी होता है। यदि यह पौधा ऊपर चढ़ने की कोशिश करेगा, तो फल के वजन से तना टूट जाएगा। इसलिए यह सहारा लेने के बजाय जमीन पर ही चारों ओर फैलता (रेंगता) है। इसीलिए इसे विसर्पी लता समूह में रखा गया है।
प्रश्न-24 किसी खाद्य पदार्थ को कागज में लपेटने पर कागज पर तैलीय धब्बा बन जाता है। यह तैलीय धब्बा किसकी उपस्थिति को दर्शाता है? इस धब्बे से होकर आने वाला प्रकाश कैसा दिखाई देगा?
5
उत्तर:
जब हम किसी खाद्य पदार्थ (जैसे- समोसा, पूरी, मूंगफली आदि) को कागज में लपेटते हैं और कागज पर तेल का चिकना धब्बा बन जाता है, तो यह तैलीय धब्बा खाद्य पदार्थ में ‘वसा’ (Fat / Lipid) की उपस्थिति को दर्शाता है। यह वसा के परीक्षण का एक सरल तरीका है。
प्रकाश का दिखना: जब हम इस तैलीय धब्बे वाले कागज को प्रकाश (बल्ब या सूरज) के सामने रखकर देखते हैं, तो इससे होकर आने वाला प्रकाश हमें ‘पारभासी’ (Translucent) दिखाई देगा। इसका अर्थ है कि प्रकाश का केवल कुछ हिस्सा ही कागज के आर-पार जा सकेगा और हमें कागज के दूसरी तरफ की वस्तुएं धुंधली दिखाई देंगी, पूरी तरह स्पष्ट नहीं।
प्रकाश का दिखना: जब हम इस तैलीय धब्बे वाले कागज को प्रकाश (बल्ब या सूरज) के सामने रखकर देखते हैं, तो इससे होकर आने वाला प्रकाश हमें ‘पारभासी’ (Translucent) दिखाई देगा। इसका अर्थ है कि प्रकाश का केवल कुछ हिस्सा ही कागज के आर-पार जा सकेगा और हमें कागज के दूसरी तरफ की वस्तुएं धुंधली दिखाई देंगी, पूरी तरह स्पष्ट नहीं।
प्रश्न-25 तेल से पानी को अलग करने के लिए कौन-सी विधि का प्रयोग किया जाता है और किस प्रकार अलग किया जाता है? समझाइए।
5
उत्तर: तेल और पानी आपस में नहीं घुलते हैं, इन्हें ‘अमिश्रणीय द्रव’ (Immiscible liquids) कहा जाता है। तेल और पानी के मिश्रण को अलग करने के लिए ‘निस्तारण’ (Decantation) विधि या ‘पृथक्कारी कीप’ (Separating Funnel) का प्रयोग किया जाता है。
प्रक्रिया:
1. तेल और पानी के मिश्रण को कुछ समय के लिए एक बीकर या पृथक्कारी कीप में बिना हिलाए शांत छोड़ दिया जाता है。
2. चूँकि पानी भारी होता है, वह बर्तन की तली में नीचे बैठ जाता है और अपनी एक अलग परत बना लेता है。
3. तेल पानी से हल्का होता है, इसलिए वह पानी के ऊपर तैरता रहता है और ऊपरी परत बना लेता है。
4. इसके बाद, कीप की टोटी (स्टॉपकॉक) को धीरे से खोलकर नीचे वाले पानी को सावधानी से एक अलग बर्तन में निकाल लिया जाता है। जैसे ही तेल की परत टोटी के पास पहुँचती है, उसे बंद कर देते हैं। इस प्रकार तेल और पानी आसानी से अलग हो जाते हैं।
प्रक्रिया:
1. तेल और पानी के मिश्रण को कुछ समय के लिए एक बीकर या पृथक्कारी कीप में बिना हिलाए शांत छोड़ दिया जाता है。
2. चूँकि पानी भारी होता है, वह बर्तन की तली में नीचे बैठ जाता है और अपनी एक अलग परत बना लेता है。
3. तेल पानी से हल्का होता है, इसलिए वह पानी के ऊपर तैरता रहता है और ऊपरी परत बना लेता है。
4. इसके बाद, कीप की टोटी (स्टॉपकॉक) को धीरे से खोलकर नीचे वाले पानी को सावधानी से एक अलग बर्तन में निकाल लिया जाता है। जैसे ही तेल की परत टोटी के पास पहुँचती है, उसे बंद कर देते हैं। इस प्रकार तेल और पानी आसानी से अलग हो जाते हैं।
प्रश्न-26 जल की विविध अवस्थाओं के नाम लिखिए। प्रत्येक अवस्था में जल के गुणों में क्या-क्या अंतर हैं? उदाहरण सहित लिखिए।
5
उत्तर: जल प्रकृति में मुख्य रूप से तीन अलग-अलग अवस्थाओं में पाया जाता है: ठोस, द्रव और गैस।
1. ठोस अवस्था (Solid State) – उदाहरण: बर्फ (Ice)
– गुण: इस अवस्था में जल का आकार और आयतन दोनों निश्चित होते हैं। इसे दबाया नहीं जा सकता है। इसके कण (अणु) बहुत पास-पास होते हैं और मजबूती से जुड़े होते हैं。
2. द्रव अवस्था (Liquid State) – उदाहरण: बहता हुआ पानी (Water)
– गुण: इस अवस्था में जल का आयतन (Volume) तो निश्चित होता है, लेकिन आकार निश्चित नहीं होता। पानी को जिस बर्तन में डाला जाता है, वह उसी का आकार ले लेता है। यह बह सकता है। इसके कण ठोस की अपेक्षा थोड़े दूर-दूर होते हैं。
3. गैस अवस्था (Gaseous State) – उदाहरण: जलवाष्प या भाप (Water Vapour)
– गुण: इस अवस्था में जल का न तो कोई निश्चित आकार होता है और न ही निश्चित आयतन। गैस को आसानी से दबाया (Compress) जा सकता है। इसके कण बहुत दूर-दूर होते हैं और स्वतंत्र रूप से किसी भी दिशा में गति कर सकते हैं।
1. ठोस अवस्था (Solid State) – उदाहरण: बर्फ (Ice)
– गुण: इस अवस्था में जल का आकार और आयतन दोनों निश्चित होते हैं। इसे दबाया नहीं जा सकता है। इसके कण (अणु) बहुत पास-पास होते हैं और मजबूती से जुड़े होते हैं。
2. द्रव अवस्था (Liquid State) – उदाहरण: बहता हुआ पानी (Water)
– गुण: इस अवस्था में जल का आयतन (Volume) तो निश्चित होता है, लेकिन आकार निश्चित नहीं होता। पानी को जिस बर्तन में डाला जाता है, वह उसी का आकार ले लेता है। यह बह सकता है। इसके कण ठोस की अपेक्षा थोड़े दूर-दूर होते हैं。
3. गैस अवस्था (Gaseous State) – उदाहरण: जलवाष्प या भाप (Water Vapour)
– गुण: इस अवस्था में जल का न तो कोई निश्चित आकार होता है और न ही निश्चित आयतन। गैस को आसानी से दबाया (Compress) जा सकता है। इसके कण बहुत दूर-दूर होते हैं और स्वतंत्र रूप से किसी भी दिशा में गति कर सकते हैं।
Note – अभी जो ऊपर पेपर दिया गया है यह मॉडल पेपर और महत्वपूर्ण प्रश्न समझ कर पड़े और रियल वार्षिक परीक्षा पेपर का सोल्यूशन के साथ इसी वेबसाइट पर ही अपलोड किया जाता हैं । इसकी अपडेट और नोटिफिकेशन के लिए आप हमारे नीचे दिए गए व्हाट्सएप, टेलीग्राम, पर यूट्यूब चैनल को ज्वाइन करें जिससे कि आप तुरंत मैसेज प्राप्त हो।